Key Highlights

  • हाउथी समूह ने यमन में एक सप्ताह में 300 सऊदी हवाई हमलों का दावा किया।
  • दावा अल-जौफ, मारिब, सादा और हज्जा प्रांतों पर केंद्रित है।
  • स्वतंत्र रूप से दावों की पुष्टि करना फिलहाल मुश्किल है।

यमन में चल रहे संघर्ष को लेकर एक बड़ा दावा सामने आया है। ईरान समर्थित हाउथी समूह ने आरोप लगाया है कि सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन ने पिछले एक सप्ताह के भीतर यमन के विभिन्न हिस्सों में लगभग 300 हवाई हमले किए हैं। यह दावा ऐसे समय में आया है जब यमन में सैन्य गतिविधियां एक बार फिर तेज होती दिख रही हैं, जिससे पहले से ही नाजुक मानवीय स्थिति और बिगड़ सकती है।

हाउथी सैन्य प्रवक्ता याह्या सारी ने एक बयान जारी कर इन हवाई हमलों का विवरण दिया। उन्होंने बताया कि ये हमले मुख्य रूप से अल-जौफ, मारिब, सादा और हज्जा प्रांतों में हुए हैं। सारी के अनुसार, इन हमलों से नागरिक बुनियादी ढांचे और आम लोगों को भारी नुकसान पहुंचा है। हाउथी समूह ने सऊदी गठबंधन पर हवाई क्षेत्रों और आवासीय क्षेत्रों को निशाना बनाने का आरोप लगाया है।

लगातार हमलों से बढ़ी चिंता

सऊदी गठबंधन ने इन दावों पर तत्काल कोई टिप्पणी नहीं की है। यमन में चल रहे संघर्ष में दोनों पक्ष अक्सर एक-दूसरे पर हमले और हताहतों की संख्या के बारे में दावे करते रहते हैं, जिनकी स्वतंत्र रूप से पुष्टि करना बेहद कठिन होता है। फिर भी, यदि ये आंकड़े सही हैं, तो यह इस बात का संकेत है कि यमन में जमीनी और हवाई दोनों मोर्चों पर तनाव काफी बढ़ा है। लगातार हो रहे हमले शांति प्रयासों के लिए एक बड़ा झटका साबित हो सकते हैं।

Did You Know? यमन में संघर्ष 2014 में शुरू हुआ था और 2015 में सऊदी अरब के नेतृत्व वाले गठबंधन के हस्तक्षेप के बाद से यह दुनिया के सबसे गंभीर मानवीय संकटों में से एक बन गया है।

यमन, अरब प्रायद्वीप के दक्षिणी छोर पर स्थित एक देश, कई वर्षों से एक जटिल गृहयुद्ध की चपेट में है। इस संघर्ष में हाउथी विद्रोही एक तरफ हैं, जबकि दूसरी तरफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त सरकार और सऊदी अरब के नेतृत्व वाला सैन्य गठबंधन है। सऊदी गठबंधन का मुख्य उद्देश्य हाउथियों को यमन के बड़े हिस्से पर नियंत्रण करने से रोकना और ईरान के कथित क्षेत्रीय प्रभाव का मुकाबला करना है।

शांतिकालीन प्रयासों पर प्रश्नचिह्न

यह घटनाक्रम ऐसे समय में आया है जब क्षेत्र में शांति बहाली के लिए कुछ राजनयिक प्रयास किए जा रहे थे। संयुक्त राष्ट्र और अन्य अंतरराष्ट्रीय संगठन लगातार यमन में स्थायी संघर्ष विराम और राजनीतिक समाधान का आह्वान कर रहे हैं। हालांकि, हाउथियों के नवीनतम दावे दर्शाते हैं कि जमीन पर स्थिति अभी भी बेहद अस्थिर है और हिंसा का एक नया दौर शुरू हो सकता है। यह यमन के लाखों लोगों के लिए और भी अधिक दुख ला सकता है, जो पहले से ही भोजन, पानी और चिकित्सा सहायता जैसी बुनियादी जरूरतों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। स्थिति पर बारीकी से नज़र रखी जा रही है।

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